उपमा और उत्प्रेक्षा
उपमा में उपमेय और उपमान की समानता गुण, धर्म, क्रिया आदि के आधार पर बताई जाती है यथा-
फूलों सा चेहरा तेरा
यहां चेहरे (मुख) की तुलना फूलों से कोमलता के कारण की गई है।
उत्प्रेक्षा में उपमेय में उपमान की कल्पना या संभावना की जाती है। यथा-
मुख मानो चन्द्रमा है।
सम्पूर्ण हिन्दी व्याकरण-
