दृन्भू शब्द के रूप (Dranbhu Ke Shabd Roop) – संस्कृत

दृन्भू शब्द (Dranbhu Shabd, वज्र, सूर्य, राजा, साँप, पहिया, यम, अंतक): दृन्भू शब्द के ऊकारान्त स्त्रीलिङ्ग शब्द के शब्द रूप, दृन्भू (Dranbhu) शब्द के अंत में “ऊ” की मात्रा का प्रयोग हुआ इसलिए यह ऊकारान्त हैं। अतः Dranbhu Shabd के Shabd Roop की तरह दृन्भू जैसे सभी ऊकारान्त स्त्रीलिङ्ग शब्दों के शब्द रूप (Shabd Roop) इसी प्रकार बनाते है। दृन्भू शब्द के शब्द रूप संस्कृत में सभी विभक्तियों एवं तीनों वचन में शब्द रूप (Dranbhu Shabd Roop) नीचे दिये गये हैं।

दृन्भू के शब्द रूप – Shabd roop of Dranbhu

विभक्ति एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथमा दृन्भूः दृन्भ्वौ दृन्भ्वः
द्वितीया दृन्भूम् दृन्भ्वौ दृन्भून्
तृतीया दृन्भ्वा दृन्भूभ्याम् दृन्भूभिः
चतुर्थी दृन्भ्वे दृन्भूभ्याम् दृन्भूभ्यः
पंचमी दृन्भ्वः दृन्भूभ्याम् दृन्भूभ्यः
षष्ठी दृन्भ्वः दृन्भ्वौ दृन्भ्वाम्
सप्तमी दृन्भ्विः दृन्भ्वौ दृन्भूषु
सम्बोधन हे दृन्भूः ! हे दृन्भ्वौ ! हे दृन्भ्वः !

दृन्भू शब्द का अर्थ/मतलब

दृन्भू शब्द का अर्थ वज्र, सूर्य, राजा, साँप, पहिया, यम, अंतक होता है। दृन्भू शब्द ऊकारान्त शब्द है।

You May Also Like