अभिक्रिया का वेग
वह देर, जिस पर समय के साथ-साथ अभिकारक पदार्थों का सान्द्रण परिवर्तित होता है, अभिक्रिया का वेग कहलाता है।”
यदि सूक्ष्म अन्तराल dt में अभिकारक के dr मोल उत्पाद में परिवर्तित होते हों तो
अभिक्रिया का वेग = 
यदि अन्तराल dt में अभिकारक के de मोल शेष रहते हों तो
अभिक्रिया का वेग = ![-\frac { d[c] }{ dt } -\frac { d[c] }{ dt }](http://s0.wp.com/latex.php?latex=-%5Cfrac+%7B+d%5Bc%5D+%7D%7B+dt+%7D+&bg=ffffff&fg=000&s=2)